Sports Management Degree Course in 2021 With Eligibility ,Colleges And




 स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्स के बारे में जानकारी


💖  मैंने अभी हाल में फिजिकल एजुकेशन से अपनी बैचलर डिग्री पूरा की है क्या आप मुझे आगे की इस क्षेत्र में भारत और विदेशों में स्पोर्ट्स मैनेजमेंट के कुछ अन्य कोर्स इसके बारे में बता सकते हैं ?


इसी तरह के प्रश्न के उत्तर अधिकतर पूछे जाते हैं छात्रों के द्वारा. उन तमाम सभी छात्रों के लिए जिनके प्रश्न कुछ इस तरह से हैं उसका उत्तर उनको इस आर्टिकल के पढ़ने से पूरी तरह मिल जाएगा और फिर कहीं जाने की जरूरत भी नहीं पड़ेगी, बस या आर्टिकल शुरू से लेकर अंत तक धैर्य पूर्वक पढ़ते रहिएगा .



यह आर्टिकल निम्नलिखित बिंदुओं को कवर करेगा-💕💖



बैचलर डिग्री इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट -Bachelor Degree in Sports Management -


मास्टर डिग्री इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट -Master's Degree in Sports Management -


मास्टर डिग्री इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट -Master's Degree in Sports Management -


बैचलर डिग्री इन  स्पोर्ट्स मैनेजमेंट की कोर्स की अवधि- Course duration of Bachelor Degree in Sports Management-


विदेश में ग्रेजुएट डिग्री कोर्स इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट करने के लिए योग्यता- 

Ability to do graduate degree course in sports management abroad-


विदेश में मास्टर - डिग्री कोर्स इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट करने के लिए योग्यता-


Ability to do Master - Degree Course in Sports Management Abroad -


विश्व के प्रमुख स्पोर्ट्स कॉलेज- 

World's leading sports colleges-



Sports Management Courses In India-


List Of All Top Sports  Colleges In India -


ऑनलाइन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्सेज-

 Online Sports Management Courses -


महत्वपूर्ण बातें (Important point )  -


स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्स सैलेरी- Sports Management Course Salary-


स्पोर्ट्स क्षेत्र में जाने से पहले वैकल्पिक उपाय जरूरत रखें-

Before going to the sports field, alternative measures are required-


conclusion




स्पोर्ट्स मैनेजमेंट खेल के प्रत्येक क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं. फिजिकल एजुकेशन में बैचलर डिग्री पूरा कर लेने के बाद आपको बहुत सारे ऐसे अवसर मिल जाते हैं जहां पर जाकर आप अच्छी खासी कमाई कर सकते हैं. जैसे किसी प्राइवेट स्कूल में आप कोचिंग का भी काम कर सकते हैं एक स्पोर्ट्स टीचर के रूप में. 

या अपना खुद का एक जिम खोल सकते हैं, इसके अलावा अन्य सरकारी क्षेत्रों में भी जा सकते हैं. 




बैचलर डिग्री इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट -Bachelor Degree in Sports Management -


बैचलर डिग्री का यह कोर्स आप निम्नलिखित क्षेत्रों में कर सकते हैं जो कि स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्स से रिलेटेड है. 

इन सभी ब्रांच ओं की जो लिस्ट है वह नीचे दी जा रही है आप उसे आसानी से पढ़ कर समझ सकते हैं


फाइनेंस 

कम्युनिकेशन 

स्पोर्टस ला 

स्पोर्ट्स हिस्ट्री 

स्पोर्ट्स मार्केटिंग 

स्पोर्ट्स इवेंट मैनेजमेंट 

स्पोर्ट्स फैसिलिटी मैनेजमेंट 

एथिकल एंड लीगल इश्यूज इन स्पोर्ट्स 




मास्टर डिग्री इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट -Master's Degree in Sports Management -



बैचलर डिग्री कोर्स कंप्लीट करने के बाद अगर आप मास्टर डिग्री इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्स की बारे में सोच रहे हैं तो आप नीचे दिए गए जानकारी से इसे अच्छी तरह समझ सकते हैं


स्पोर्ट्स मैनेजमेंट में अधिकतर यह पाया गया है कि तीन प्रकार की मास्टर डिग्री होती है. 


मास्टर आफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट - बैचलर डिग्री करने के बाद अगर आप चाहे तो इस स्पोर्ट्स के क्षेत्र में एमबीए कर सकते ह 


मास्टर ऑफ साइंस इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट - स्पोर्ट्स मैनेजमेंट में एमएससी करने के बाद आपके कैरियर में boom  आ सकता है

मास्टर ऑफ साइंस इन स्पोर्ट्स मेडिकल - स्पोर्ट्स में ग्रेजुएशन कोर्स करने के बाद अगर आप एमएससी इन स्पोर्ट्स मेडिकल का कोर्स कर लेते हैं जो कि एक पोस्ट ग्रैजुएट कोर्स होता है, तो कैरियर में आपके आगे बढ़ने के चांसेस आपके बहुत ज्यादा बढ़ जाते हैं 


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अगर स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्स की बात की जाए तो डिपेंड करता है कि आप किस लेवल का कोर्स कर रहे हैं अगर डिप्लोमा लेवल का कोर्स कर रहे हैं तो उसमें 2 साल से लेकर 3 साल तक यहां तक कि 1 साल की भी व्यवस्था होती है तो आप जो चाहे वह कर सकते हैं, वहीं अगर डिग्री लेवल की बात की जाए तो यह कोर्स 3 से 4 साल तक का होता है . यह डिपेंड करता है कि आप कौन से कॉलेज से इस तरह का डिग्री कोर्स ले रहे हैं डिप्लोमा लेवल पर या डिग्री लेवल पर. वैसे ज्यादातर यही देखा गया है कि डिग्री लेवल के जो कोर्स होते हैं वह 4 साल के होते हैं. 


बैचलर डिग्री इन  स्पोर्ट्स मैनेजमेंट की कोर्स की अवधि-

 Course duration of Bachelor Degree in Sports Management-



जैसा कि अभी हमने ऊपर बताया कि बैचलर डिग्री के जो कोर्स होते हैं इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट, वे लगभग 3 या 4 साल के होते हैं, अगर नॉर्थ अमेरिका अतीत की बात करें तो इन देशों बैचलर डिग्री कोर्स इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कि जो अवधि होती है वह 4 साल की होती है . और यही कारण है कि  नार्थ अमेरिका जैसे महादेश  में जिसमें यूनाइटेड स्टेट ऑफ अमेरिका आता है, कनाडा जैसे देश आते हैं तथा मेक्सिको जैसे देश आते हैं  कि कोर्स अवधि 4 साल की होती है, 


जबकि यूरोपियन कंट्री में - जिसमें फ्रांस, रूस, जर्मनी, पुर्तगाल, लंदन, ब्रिटेन, इटली... इत्यादि जैसे बड़े-बड़े देशात वहां पर कोर्स की अवधि 3 साल है. 


वहीं अगर ऑस्ट्रेलिया की बात की जाए तो वहां पर कोर्स की अवधि 3 साल की होती है अर्थात बैचलर डिग्री इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्स की जो अवधि है वह 3 साल की होती है. 


मास्टर डिग्री इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्स की समय अवधि- अगर मास्टर डिग्री इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्स की बात की जाए तो यह 1 से 2 साल का होता है. 


अमेरिका कनाडा और मेक्सिको जैसे देश जोकि नार्थ अमेरिका महाद्वीप में आते हैं यहां पर भी मास्टर डिग्री इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट का जो कोर्स है वह 1 से 2 साल का ही होता है. 

यही नहीं यूरोपियन कंट्री के जो देश हैं जैसे फ्रांस ,जर्मनी ,इटली ,पुर्तगाल, रूस, उरूग्वे, पराग्वे, लंदन, ब्रिटेन,वेनेजुएला ,स्विट्जरलैंड ....... इत्यादि जैसे बड़े देशों में भी यह कोर्स 1 से 2 साल का होता है. 



विदेश में ग्रेजुएट डिग्री कोर्स इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट करने के लिए योग्यता- 

Ability to do graduate degree course in sports management abroad-



English language requirements: minimum scores TOEFL (varies between 60-80), IELTS (6.0)

Transcripts of grades

Letter of recommendation

Letter of motivation

Proof that you can finance your studies

Masters in Sports Management

Curriculum Vitae (CV) 



विदेश में मास्टर - डिग्री कोर्स इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट करने के लिए योग्यता-

Ability to do Master - Degree Course in Sports Management Abroad -



English language requirements: minimum scores TOEFL (varies between 60-80), IELTS (6.5)

Minimum GPA (established by each university individually)

Bachelor’s degree in Sports, Business, or other related subjects

Two letters of recommendation

Personal statement or essay

Curriculum Vitae (CV) 


विश्व के प्रमुख स्पोर्ट्स कॉलेज- 

World's leading sports colleges-



University of Bayreuth, in Germany

KEDGE Business School, in France

University College Dublin, in Ireland 

AISTS (International Academy of Sport Science and Technology), in Switzerland

University of Massachusetts Amherst, in the US



Sports Management Courses In India-


अगर आप आगे एडवांस स्टडी करना चाहते हैं तो आप फिजिकल एजुकेशन भी एमबीए भी कर सकते हैं और अगर आप साइंस के स्टूडेंट तो एमएसजी इन फिटनेस में भी कर सकते, इसके अलावा भी बहुत सारे कोर्स है जिन्हें आप स्नातक के बाद कर सकते हैं और एक नया आयाम दे सकते हैं अपने कैरियर को .


अगर आप इसमें थोड़ा सा और एडवांस डिग्री ले ले तो आपको इसमें और ज्यादा तरक्की मिल सकती है. 


नीचे मैं कॉलेज का कुछ नाम बता रहा हूं जहां पर जाकर आप विभिन्न प्रकार के पीजी लेवल पर कुछ कोर्स कर सकते हैं अर्थात पोस्ट ग्रैजुएट लेवल पर . यह सभी कोर्स  आपको सपोर्ट से रिलेटेड ही मिलेगा अर्थात यहां पर जो लिस्ट दी जा रही है वह सब सपोर्ट से ही रिलेटेड है. 


💖List Of All Top Sports  Colleges In India -


कोलकाता यूनिवर्सिटी आईएसडब्ल्यू ग्रैजुएट डिप्लोमा इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट (1 वर्षीय) कोलकाता यूनिवर्सिटी 


जीजीएसआईपीयू एमबीए ( स्पोर्ट्स मैनेजमेंट ) (www.ipu.ac.in) 


इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट आफ स्पोर्ट्स मैनेजमेंट, जयहिंद कॉलेज केंपस : मास्टर इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट (1  वर्षीय )

नेशनल अकैडमी आफ स्पोर्ट्स मैनेजमेंट{ मुंबई, अहमदाबाद ,दिल्ली ,जयपुर, दुबई} बैचलर मास्टर पीजी डिप्लोमा और डिप्लोमा प्रोग्राम इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट 


लक्ष्मीबाई नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ फिजिकल एजुकेशन ग्वालियर : पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा ( 1 वर्षीय )


अलगप्पा  इंस्टिट्यूटऑफ तमिलनाडु: एमबीए /डिस्टेंस लर्निंग 


कोलकाता यूनिवर्सिटी पीजी डिप्लोमा इन स्पोर्ट्स एंड मास कम्युनिकेशन मैनेजमेंट 


तमिलनाडु फिजिकल एजुकेशन एंड स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी ,चेन्नई: एमबीए ( स्पोर्ट्स मैनेजमेंट) (2 वर्षीय), पीजी डिप्लोमा इन फिटनेस एंड वैलनेस मैनेजमेंट (1 वर्षीय ) , MSC (फिटनेस मैनेजमेंट) (2 वर्षीय )


सिंबोसिस इंस्टीट्यूट आफ हेल्थ साइंस, पुणे :पीजी डिप्लोमा इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट (1 वर्षीय) एमबीए (स्पोर्ट्स मैनेजमेंट )


इंदिरा गांधी इंस्टिट्यूट OF फिजिकल साइंस, नई दिल्ली : पीजी डिप्लोमा इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट ( 1  वर्षीय ) 



ऑनलाइन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्सेज-

 Online Sports Management Courses -


जैसे ही ऑनलाइन का शब्द हम पढ़ते हैं या सुनते हैं तो दिमाग में यही चित्र उभरता है की यह सस्ता होगा, 

लेकिन ऐसा है नहीं, रेगुलर  कोर्सेज के मुकाबले ऑनलाइन के जो कोर्स है वह महंगें  ही होते हैं . अगर खास करके विदेशों की बात की जाए तो, यानी यूरोपियन और अमेरिकन कंट्री की. 


अगर आपके पास समय नहीं है, या फिर आप परिवारिक उलझन में लिखे हुए हैं लेकिन आप चाहते हैं कि आप डिग्री कोर्स करें तो फिर ऑनलाइन का रास्ता आपके लिए ठीक है, अन्यथा अगर आपके पास समय है तो आप रेगुलर कोर्स ही करें अर्थ अर्थ ऑफलाइन रेगुलर कोर्स. क्योंकि रेगुलर कोर्स की बात ही कुछ और होती है. 


बहुत सारे ऑनलाइन प्रोग्राम इस तरह से हैं जो आपको कैरियर के बारे में सलाह देते हैं और साथ ही साथ सहायता भी प्रदान करते ताकि जैसे ही आप स्नातक की डिग्री ले ले उसके बाद खेल उद्योग में आपको नौकरी पाना आसान हो सके. लेकिन इस तरह की सुविधा हर ऑनलाइन कोर्स प्रदान करने वाली संस्थान में नहीं होती है इसलिए ऑनलाइन कोर्स ज्वाइन करने से पहले यहां देख ले कि इस तरह की सुविधा उस ऑनलाइन कोर्स देने वाली संस्था में  है या नहीं . 


आप ऐसे ही संस्थानों से ऑनलाइन डिग्री प्राप्त करने की सोचिए जोकि पूरी तरह से मान्यता प्राप्त हो , क्योंकि आजकल इंटरनेट का जमाना हर कोई फर्जी वेबसाइट बनाकर ऑनलाइन वेब सर्वर पर अपलोड कर दे रहा है और यूजर लोग को समझ में नहीं आ रहा है कि यह संस्थान फर्जी है या मान्यता प्राप्त है . इसी चक्कर में बहुत सारे छात्रों का जीवन बर्बाद हो जाता है, जिसको कि हम फर्जीवाड़ा कहते हैं, इसलिए अगर ऑनलाइन  मैनेजमेंट कोर्स इन स्पोर्ट्स मैनेजमेंट का ज्वाइन करने जा रहे हैं इस बात का ध्यान जरूर जरूर से रखिएगा. क्योंकि यह अत्यंत ही महत्वपूर्ण चीज है क्योंकि यह जिंदगी  के कैरियर  का सवाल है.


महत्वपूर्ण बातें (Important point )  -


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स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्स सैलेरी- Sports Management Course Salary-


अगर आप स्पोर्ट्स मैनेजमेंट कोर्स को कंप्लीट कर लेते चाहे वह बैचलर डिग्री कोर्स हो या पोस्ट ग्रैजुएट कोर्स , तो आपको एक अच्छा अवसर मिल जाता है कि आप अपना कैरियर बना सकें जहां तक स्पोर्ट्स का सवाल है. 


 स्पोर्ट्स के क्षेत्र में बैचलर डिग्री हासिल करने के बाद या फिर पोस्ट ग्रैजुएट डिग्री हासिल करने के बाद आप चाहे तो एक टीम का कोच बन सकते हैं, या मैनेजर बन सकते हैं, योगा ट्रेनर बन सकते हैं, फिटनेस एक्सपर्ट बन सकते.... तो ऐसे बहुत सारे पोस्ट हैं जिसे आप ज्वाइन कर सकते हैं. अब इसे ज्वाइन करने का तरीका कंपटीशन का है या केवल आपके मेरिट पर डिपेंड करता है, यह सब कुछ वहां ऑर्गेनाइजेशन तय करता है , जिसे आप ज्वाइन करना चाहते हैं एक नौकरी के तौर पर. 


कुछ पापुलर क्षेत्रों की सूची दी जा रही है जिससे आपको पता चलेगा कि किस क्षेत्र में अर्थात किस पोस्ट पर कितना सैलरी है - यह सैलरी एनुअली बेसिस पर दी जा रही है और यह यूनाइटेड स्टेट्स डॉलर में है जिसको की शॉर्ट फॉर्म मे हम USD कहते हैं. 


कॉन्ट्रैक्ट मैनेजर-    85,000 $ /YEAR 

एथलेटिक डायरेक्टर- 60,000$ /YEAR 

स्पोर्ट्स एजेंट    -  58,000$ /YEAR 

एथलेटिक कोच - 40,000 $  /YEAR 

फिटनेस मैनेजर - 46000$ /YEAR 

Sports  Coach-  66000$/YEAR



स्पोर्ट्स क्षेत्र में जाने से पहले वैकल्पिक उपाय जरूरत रखें-  

Before going to the sports field, alternative measures are required-


तो दोस्तों स्पोर्ट्स क्षेत्र भी अच्छा है, लेकिन हर किसी क्षेत्र का अपना प्लस मार्किंग और नेगेटिव मार्किंग है .इसलिए सोच समझकर स्पोर्ट्स के क्षेत्र में करियर बनाने की कोशिश करें ,क्योंकि इसमें रिस्क ज्यादा है. 


यह नहीं कि बस मन कर रहा है और इस क्षेत्र में धड़ाम से कूद गए. और संभवत कोशिश यह करिएगा कि इस फील्ड में जाने से पहले एक बढ़िया बैक-अप जरुर रखिएगा ताकि अगर इस क्षेत्र में अगर आप फेल हो जाते हैं तो उस बैकअप वाले फील्ड से आप आसानी से जीवन गुजारा कर सके. अब यह बैकअप वाला फिल्ड कुछ भी हो सकता है ,चाहे कोई बिजनेस हो सकता है ,या कोई नौकरी हो सकती है, या कुछ भी, यहां तक की पापा का पैतृक व्यवसाय भी हो सकता है. 


कहने का मतलब यही हुआ कि कुछ भी बैकअप जरूर रखें. क्योंकि जिंदगी का कोई भरोसा नहीं होता है आपको सफलता मिल भी सकती है, और नहीं भी मिलती है जब सफलता मिल जाती है तो हम सिकंदर बन जाते हैं, और नहीं मिलती है तो हम छछूंदर बन जाते है. 


इसलिए हमें ऐसे उपाय करके रखनी है कि छछूंदर बनने की नौबत ही नहीं आए. और यह उपाय हम बैकअप के रूप में रखेंगे. यह बैकअप ही हमें विपत्ति में सहारा देगा. क्योंकि बिना बैकअप के जिंदगी में आगे बढ़ना अपने पैर पर कुल्हाड़ी मारने के बराबर हैं.


आप खुद सोच कर देखिए आपके पास 4 बीघा जमीन है, और उस जमीन में केवल आप बैगन ही बो दिए हैं, और उस बैगन के पेड़ में कुछ समय बाद कीड़े लग जाते हैं तो जाहिर सी बात है कि उस बैगन की जो फसल है वह खराब हो जाती है ,और जाहिर सी बात है कि अब वह बैगन की फसल  कोई पैदावार नहीं देने जा रही है क्योंकि उसमें कीड़े लग गए हैं. 


इस तरह से देखा जाए तो हमने जो बैगन का पौधा लगाया था उससे बैगन हमें मिल नहीं रहा है . अब समस्या यह है कि जब  बैगन की पैदावार हो नहीं रही है तू ना ही हम बैगन को खा सकते हैं और ना ही उसे बेचकर कुछ पैसे प्राप्त कर सकते हैं. 


अगर आपको जानकारी नहीं है तो बता दें कि किसान लोग सब्जियों की फसल को उगाते हैं और उसे मंडी में जाकर बेच देते हैं इसे ही सब्जी मंडी कहते हैं, और इससे उस किसान को कुछ पैसे की आमदनी हो जाती है. इसका उपयोग वह अपने जीवन को गुजारा करने में करता है तथा अपना परिवार चलाता है .यहां पर फसल हमारा बैगन है. 


तो कहने का मतलब ना हमारे पास खाने के लिए कुछ है और ना खरीदने के लिए बहुत पैसे ऐसी स्थिति में हम मारे मारे फिरने लगते हैं. 


तो क्या आप बता सकते हैं कि इसमें हमने गलती कहां की ? 


थोड़ा सोच कर इसका उत्तर दीजिएगा . 


अगर उत्तर नहीं दे पा रहे हैं तो यहां पर उत्तर पढ़ लीजिए.


इसमें हमने गलती यह की कि हमने अपने चारों बीघा की जमीन में केवल बैंगन के पौधे ही लगा दी है और इस बार बैंगन के पौधे में कीड़े लग गए थे और इस वजह से पैदावार अच्छी नहीं हो सकी और हम पूर्णता इसी बैगन की खेती पर ही डिपेंडेंट थे . हमने कुछ अल्टरनेट उपाय नहीं बना कर रखा था इसी वजह से हम परेशान हो गए ,और मारे मारे करने लगे. इसीलिए दोस्तों जिंदगी में  अतिरिक्त उपाय जरूर रहना चाहिए किसी एक चीज पर डिपेंड रहना सही नहीं है. 


तो दोस्तों मुझे लगता है आप आप लोगों को समझ में आ गया होगा कि अल्टरनेटिंव उपाय या जिसको अतिरिक्त उपाय भी कहते हैं वह क्या होता है ,और इसका क्या उपयोग है हमारे जीवन मे ?

conclusion

आशा करते हैं कि यह आर्टिकल आप लोगों को हमेशा की तरह पसंद आया होगा. इसी तरह की जानकारी पाने के लिए हमारे वेबसाइट पर विजिट करते रहे, यहां पर छात्रों के लिए एकदम शुद्ध और उनको समझने लायक भाषा में चीजें प्रदान की जाती ताकि उनको समझने में कोई दिक्कत का सामना ना करना पड़े. 

आपका दिन शुभ हो 

नमस्कार.🌏😀










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